एक छत के नीचे 'प्राइमरी का मास्टर' से जुड़ी शिक्षा विभाग
की समस्त सूचनाएं एक साथ

"BSN" प्राइमरी का मास्टर । Primary Ka Master. Blogger द्वारा संचालित.

जनपदवार खबरें पढ़ें

जनपदवार खबरें लखनऊ महराजगंज इलाहाबाद प्रयागराज गोरखपुर उत्तर प्रदेश सिद्धार्थनगर फतेहपुर गोण्डा कुशीनगर बदायूं सीतापुर बलरामपुर संतकबीरनगर देवरिया बस्ती रायबरेली बाराबंकी फर्रुखाबाद वाराणसी हरदोई उन्नाव सुल्तानपुर पीलीभीत अमेठी अम्बेडकरनगर सोनभद्र बलिया हाथरस श्रावस्ती सहारनपुर बहराइच मुरादाबाद कानपुर जौनपुर अमरोहा लखीमपुर खीरी मथुरा फिरोजाबाद रामपुर गाजीपुर बिजनौर शाहजहांपुर बागपत बांदा प्रतापगढ़ मिर्जापुर जालौन चित्रकूट कासगंज ललितपुर मुजफ्फरनगर अयोध्या चंदौली गाजियाबाद हमीरपुर महोबा झांसी अलीगढ़ गौतमबुद्धनगर संभल हापुड़ पडरौना बुलंदशहर देवीपाटन फरीदाबाद

Search Your City

मथुरा : सात और जिलों में मिड डे मील बांटेगी अक्षय पात्र

0 comments

मथुरा : सात और जिलों में मिड डे मील बांटेगी अक्षय पात्र


इलाहाबाद समेत सात और जिलों में मिड डे मील बांटेगी अक्षयपात्र : वाराणसी, आगरा, कानपुर, कन्नौज, गाजियाबाद इटावा भी शामिल

जागरण संवाददाता, वृंदावन । मथुरा और लखनऊ जिले के तकरीबन तीन लाख स्कूली बच्चों को अपरान्ह भोजन परोसने वाली संस्था अक्षयपात्र इस साल के आखिरी तक सूबे के सात और जिलों में अपना विस्तार करने जा रही है। प्रदेश सरकार इस संस्था को मिड डे मील बनाने के लिए जगह उपलब्ध कराने के साथ ही जरूरी संसाधनों के लिए 120 करोड़ की राशि शीघ्र उपलब्ध कराएगी।

अक्षयपात्र ने सबसे पहले मथुरा में स्कूली बच्चों को मिडडे मील बांटने की शुरुआत की थी। संस्था मथुरा जिले के 200 सरकारी प्राथमिक विद्यालयों में तकरीबन 1.75 लाख बच्चों को दोपहर का भोजन उपलब्ध कराती है। इसके लिए साप्ताहिक मेन्यू है। पिछले साल संस्था ने लखनऊ जिले में भी अपनी योजना का विस्तार किया। यहां भी काफी संख्या में बच्चों को दोपहर का भोजन संस्था उपलब्ध कराती है। अक्षयपात्र संस्था के पीआरओ कमल योगी ने बताया कि प्रदेश सरकार ने इस संस्था को अब अपना किचन वाराणसी, आगरा, कानपुर, कन्नौज, इलाहाबाद, गाजियाबाद और इटावा जिले में भी खोलने के लिए हरी झंडी दिखा दी है। इन सब जिलों में इस वर्ष के अंत तक अक्षयपात्र स्कूली बच्चों को भोजन उपलब्ध कराने की शुरुआत कर देगी। इन जिलों में किचन खोलने के लिए सरकार जमीन मुहैया कराएगी। एक किचन की क्षमता एक घंटे में 50 हजार से एक लाख बच्चों का भोजन बनाने की होगी।

गरीबों को भी मुफ्त भोजन

अक्षयपात्र न सिर्फ स्कूली बच्चों, बल्कि गरीब-असहाय और साधु-संतों को भी दोपहर का भोजन कराती है। इसके लिए परिक्रमा मार्ग में स्थान और समय तय है। तय समय में आने वाले सभी लोगों को भोजन का वितरण किया जाता है। अक्षयपात्र के अनंतवीर प्रभु महाराज ने बताया कि निराश्रित महिलाओं के लिए भी दिन का भोजन वृंदावन के आश्रय सदनों में भेजा जाता है।


कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

महत्वपूर्ण सूचना...


बेसिक शिक्षा परिषद के शासनादेश, सूचनाएँ, आदेश निर्देश तथा सभी समाचार एक साथ एक जगह...
सादर नमस्कार साथियों, सभी पाठकगण ध्यान दें इस ब्लॉग साईट पर मौजूद समस्त सामग्री Google Search, सोशल नेटवर्किंग साइट्स (व्हा्ट्सऐप, टेलीग्राम एवं फेसबुक) से भी लिया गया है। किसी भी खबर की पुष्टि के लिए आप स्वयं अपने मत का उपयोग करते हुए खबर की पुष्टि करें, उसकी पुरी जिम्मेदारी आपकी होगी। इस ब्लाग पर सम्बन्धित सामग्री की किसी भी ख़बर एवं जानकारी के तथ्य में किसी भी तरह की गड़बड़ी एवं समस्या पाए जाने पर ब्लाग एडमिन /लेखक कहीं से भी दोषी अथवा जिम्मेदार नहीं होंगे, सादर धन्यवाद।