सात हजार शिक्षक भेज चुके सीएम को पत्र
संसू, सीतापुर : प्रेरणा एप के विरोध में और विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं की मांग को लेकर शिक्षकों का आंदोलन पांच सितंबर से चल रहा है। सुनवाई नहीं हुई तो 16 सितंबर से शिक्षक मुख्यमंत्री को पोस्टकार्ड लिख रहे हैं। इस तरह शुक्रवार तक कुल सात हजार शिक्षकों ने मुख्यमंत्री को पोस्टकार्ड लिखा है।
उप्र प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष रवींद्र दीक्षित ने बताया कि, शुक्रवार के दिन 2400 शिक्षकों ने मुख्यमंत्री को समस्याएं लिखकर पोस्टकार्ड भेजा है। मिश्रिख बीआरसी पर 150, बिसवां बीआरसी पर 90, रामपुर मथुरा में 35 और सकरन बीआरसी पर 55 शिक्षकों ने पत्र भेजा है। रेउसा बीआरसी पर 300 शिक्षकों ने भी पोस्टकार्ड लिखा है। हरगांव, एलिया व पिसावां बीआरसी पर भी शिक्षकों ने पोस्टकार्ड लिखे हैं। शनिवार को मुख्यमंत्री को पोस्टकार्ड लिखे जाने का अंतिम दिन है।
शिक्षामित्रों व अनुदेशकों का मांगा डाटा
शासन ने शिक्षामित्रों व अनुदेशकों का डाटा प्रेरणा तकनीकी फ्रेमवर्क पर मांगा है। अपर मुख्य सचिव ने गुरुवार को बीएसए को निर्देश जारी किए हैं। जिन शिक्षा मित्रों व अनुदेशकों का डाटा पूर्व से संचालित दैनिक अनुश्रवण प्रणाली पर अंकित नहीं है, उनका विवरण, मोबाइल नंबर सहित उपलब्ध कराएं। इसके बाद शिक्षामित्र व अनुदेशक ‘प्रेरणा’ एप से सूचना अपलोड करेंगे।
बीईओ को दिया मांग पत्र
पिसावां: बीआरसी पर एकत्र शिक्षकों ने मुख्यमंत्री को पोस्टकार्ड लिखा। वहीं शिक्षक नेता पंकज अवस्थी के नेतृत्व में प्रदर्शन कर प्रेरणा एप के विरुद्ध नारेबाजी की। विसंगतियों के बारे में चर्चा की। प्रेरणा एप को वापस लेने के संबंध में मुख्यमंत्री को पोस्टकार्ड लिखने के बाद एक मांगपत्र खंड शिक्षा अधिकारी शैलेंद्र कुमार शुक्ल को सौंपा है। इंद्रशेखर सिंह, अतुल सिंह, विक्रम बहादुर, सतीश चंद्र, विनोद कुमार आदि शिक्षक मौजूद रहे।